देहरादून 2015-16 में हुई दरोगा भर्ती मामले में जांच के बाद भी दरोगा को गलत तरीके से भर्ती किया गया पाया गया
जिसमे 20 को निलंबित कर दिया गया है यह दरोगा अलग-अलग जनपदों में तैनात थे
खास खबर उत्तराखंड में नकल माफियाओं पर नकेल कसने के लिए आमी सरकार का बड़ा फैसला
जिसमें सात उधम सिंह नगर 5 देहरादून चार नैनीताल चमोली, पौड़ी गढ़वाल, चंपावत में एक एक दरोगा तैनात थे
एक दरोगा एसडीआरएफ में भी तैनात थे जो इन 20 निलंबित रो गांव में शामिल है.
वी मुरूगेशन, अपर पुलिस महानिदेशक, अपराध एवं कानून व्यवस्था, उत्तराखण्ड ने बताया कि वर्ष 2015-16
उपनिरीक्षक सीधी भर्ती में अनियमित्ता होने की जांच विजिलेंस द्वारा की जा रही है।
विजिलेंस द्वारा अभी तक की जांच पर प्रषित रिपोर्ट के क्रम में जांच में संदिग्ध पाए गए 20 उपनिरीक्षकों को जांच पूरी होने तक निलंबित करने हेतु सम्बन्धित जनपद प्रभारियों को निर्देशित कर दिया


More Stories
Property News -लैंड फ्रॉड मामलों में देहरादून सबसे आगे, हरिद्वार दूसरे नंबर पर
2 मई शनिवार को अचानक बजेगा आपका मोबाइल, घबराए नहीं
Haridwar Kumbh Mela 2027 सौंदर्यीकरण, सुरक्षा और सुविधाओं पर फोकस