NCDC will started digitl platform for rabies vaccine and anti snake venom
डेस्क न्यूज़। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय (MOHEW) के तहत Natonal Center disease control (NCDC) एक नया डिजिटल पोर्टल शुरू करने जा रहा है।
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जिसके माध्यम से रेबीज वैक्सीन और एंटी-स्नेक वेनम स्टॉक का रियल टाइम पर ट्रैक कर सकेगा।
संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (UNDP) के तकनीकी सहयोग से NCDC अपने सेंटर फॉर वन हेल्थ के माध्यम से विकसित पोर्टल को पांच राज्यों – आंध्र प्रदेश, असम, मध्य प्रदेश, दिल्ली और पुडुचेरी में पायलट के तौर पर लॉन्च किया जाएगा।
इस डिजिटल पहल से रेबीज वैक्सीन स्टॉक की वास्तविक समय पर निगरानीके साथ साथ लाभार्थियों की ट्रैकिंग सहित यह सुनिश्चित करना शामिल होगा कि रेबीज पोस्ट-एक्सपोजर प्रोफिलैक्सिस रेजिमेंट की सभी खुराकें सही तरीके से दी जाएं।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के NCDC और UNDP इंडिया #Z00WIN के लिए पायलट शुरू करने के लिए मास्टर ट्रेनर्स को प्रशिक्षित कर रहे हैं।
निदेशक प्रो. (डॉ.) रंजन दास के नेतृत्व में एनसीडीसी ने हाल ही में राष्ट्रीय राजधानी में पायलट राज्यों के लिए जूनोसिस की रोकथाम के लिए जू-विन डिजिटल समाधान पर प्रशिक्षकों का प्रशिक्षण आयोजित किया,
एनसीडीसी ने यूएनडीपी के साथ भागीदारी करके इन पांच राज्यों में रेबीज और सांप के काटने से संबंधित जानकारी और उपचार तक पहुंच बढ़ाने के लिए एक हेल्पलाइन – 15400 शुरू की।
संयुक्त राष्ट्र निकाय के आंकड़ों के अनुसार, हर साल रेबीज से दुनिया भर में 60,000 से ज़्यादा लोगों की जान जाती है, जिसमें से अकेले भारत में लगभग 36 प्रतिशत मौतें होती हैं।
रेबीज 200 से ज़्यादा ज्ञात बीमारियों में से सबसे घातक है जो जानवरों से इंसानों में फैलती हैं। पूरी तरह से रोकथाम योग्य होने के बावजूद, लाखों लोग अभी भी जोखिम में हैं।
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