Kayons Pharma की 29 दवाओं पर से हटाया प्रतिबंध, लैब जांच में सुरक्षित पाई गईं दवाएं
जयपुर, 12 फरवरी 2026। राजस्थान सरकार ने जयपुर स्थित कंपनी Kayons Pharma द्वारा निर्मित 29 दवाओं पर लगाए गए प्रतिबंध को हटा दिया है। यह निर्णय व्यापक लैब परीक्षण और दोबारा सैंपल जांच में दवाओं को गुणवत्ता मानकों पर खरा पाए जाने के बाद लिया गया।
अक्टूबर 2025 में लगा था प्रतिबंध
गौरतलब है कि अक्टूबर 2025 में डेक्स्ट्रोमेथॉर्फन हाइड्रोब्रोमाइड आधारित कफ सिरप को लेकर विवाद के बाद कंपनी की दवाओं पर एहतियातन रोक लगा दी गई थी। उस समय कुछ रिपोर्ट्स में कफ सिरप को बच्चों की मौत और बीमारियों से जोड़कर देखा गया था। इसके बाद राज्य सरकार ने कंपनी की 19 से अधिक दवाओं के वितरण पर रोक लगाई थी।
दोबारा जांच में नहीं मिला कोई दोष
मेडिकल एंड हेल्थ डिपार्टमेंट द्वारा जारी आदेश के अनुसार, प्रभावित बैचों की दोबारा सख्त जांच की गई। अधिकृत सरकारी प्रयोगशालाओं में किए गए परीक्षणों में किसी भी
प्रकार की मिलावट, घटिया सामग्री या फार्माकोपिया मानकों से विचलन नहीं पाया गया।
सरकार ने राजस्थान मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड (RMSCL) और सभी जिला स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि दवाओं को मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा योजना सहित अन्य सार्वजनिक स्वास्थ्य कार्यक्रमों में तत्काल पुनः शामिल किया जाए।
पहले उठे थे गुणवत्ता पर सवाल
RMSCL के आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2012 से अब तक Kayons Pharma की 10,000 से अधिक दवाओं के सैंपल जांचे गए, जिनमें से 42 सैंपल पहले गुणवत्ता जांच में फेल पाए गए थे। हालांकि हालिया जांच और राज्य व केंद्र स्तर की समीक्षा के बाद संबंधित बैचों को क्लीन चिट दे दी गई है।
कंपनी ने फैसले का किया स्वागत
Kayons Pharma ने सरकार के निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि यह उनके उत्पादन मानकों और गुणवत्ता प्रतिबद्धता की पुष्टि करता है। कंपनी ने माना कि प्रतिबंध के कारण कारोबार प्रभावित हुआ, लेकिन अब दवाओं की आपूर्ति बहाल होने से मरीजों को राहत मिलेगी।
सख्त निगरानी जारी रहेगी
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि नि:शुल्क दवा योजना के तहत सभी दवाओं की बैच-वाइज सैंपलिंग और नियमित निगरानी जारी रहेगी, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की चूक न हो।
सरकार ने दवा गुणवत्ता नियंत्रण में पारदर्शिता और सतत निगरानी का आश्वासन दिया है, खासकर बच्चों और कमजोर वर्गों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए।

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